मोनो लाॅग में नहीं, मैं डायलाॅग में विश्वास रखता हूं- सिंधिया शुद्धिकरण के लिए स्वयं के प्रयास ही जीवन में सफल रहते है

वीरेन्द्र शर्मा
विलेज टाइम्स समाचार सेवा।
इन्दिरा गांधी गल्र्स काॅलेज के वार्षिक उत्सव के अवसर पर संवाद कार्यक्रम में पहुंचे पूर्व केन्द्रीय सांसद एवं काॅग्रेस के राष्ट्रीय महा सचिव ज्योतिरादित्य सिंधिया ने उपस्थित छात्राओं एवं उनके पालक तथा उपस्थित बुद्धिजीवियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि मेरा सार्वजनिक या राजनैतिक जीवन में मोनो लाॅग में नहीं, डायलाॅग में विश्वास में है। जिन लोगों का मोनो लाॅग में विश्वास है वहीं मन की बात करते है। 
उन्होंने कहा कि समस्त भारतवर्ष ही नहीं, हर नागरिक, युवा, छात्र-छात्राआंे का सपना है कि भारत प्रकृतिशील राष्ट्र बने। उन्हांेने छात्राओं के सवालों पर जबाव देते हुए कहा कि सामाजिक या राजनीति के शुद्धिकरण के लिए स्वयं के प्रयास सफल रहते है। इस बीच सवालों के अन्दर ही छात्राओं ने अपनी व्यवहारिक पीढ़ा और अपने सपनों को सिंधिया के साथ सवालों के माध्यम से साझा किया।
इस मौके पर सिंधिया ने पूरे गांधीवादी तरीके से और एक मुखिया बतौर छात्राओं की जिज्ञासाओं का सहानुभूति पूर्वक जबाव दिया। इस मौके पर उनकी धर्मपत्नि प्रियदर्शनीय राजे सहित काॅग्रेस विधायक सहित एन.एस.यू.आई. और काॅग्रेस के कई नेता सहित कन्या विद्यालय के प्राचार्य तथा प्रोफेसर मौजूद थे। संवाद के दौरान सिंधिया ने चुटकी लेते हुए समझाईस पूर्ण तरीके से कहा कि मैं हूं तो नौजवान मगर मेरी आत्मा कुछ बूढ़ी है। वार्षिक उत्सव के दौरान आयोजित कार्यक्रमों का भी उन्होंने काफी उत्साहबर्धन किया तथा वह कार्यक्रम के दौरान स्वयं की भावनाऐं व्यक्त कर छात्राओं को उत्साहबर्धन करने में भी पीछे नहीं रहे। 

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