अंगीकार जटिल दण्ड विधि में जकड़ा जीवन, हुआ असहज बैहाल, कौन सुने, कौन करे समाधान विश्वास खोती सत्ता सियासत स्थापित सिस्टम



व्ही.एस.भुल्ले

विलेज टाइम्स समाचार सेवा 

म.प्र.- मण्डियो से कामगारो की छटनी उपज पर टैक्स मे कमी , जी एस टी का मकड़जाल यह वह जीते जागते प्रमाण है जिन्हे झुटलाया नही जा सकता क्योकि यह सच्चाई अब चैराहे पर है । अंगीकार जटिल दण्ड विधि का आलम यह है कि इस स्थापित सिस्टम मे जिन्दा रहने एक नागरिक को मकान दुकान टैैक्स से लेकर टेलीफोन मोबाइल,पानी, बिजली ,बैक खाता आई टी जी एस टी रिटर्न स्वयं का रोजगार टी वी रीचार्ज आय मूलनिवासी जाति प्रमाण पत्र समग्र आधार आई डी और न जाने क्या क्या करना होता है अब ऐसे मे जीवन की गाड़ी को खीचना कितना दुस्वार होता है यह तो समृद्ध जीवन की उम्मीद मे जीवन निर्वहन करने बाला वह प्राणी ही समझ सकता है मगर दुरभाग्य की जो समझ सकते है वह समझना नही चाहते जिन्ह कुछ करना चाहिए वह कुछ करने नही है तैयार ऐसे मे बैहाल जीवन का कलफना तय है बैहतर हो सत्ताये सियासत सिस्टम अपनी अपनी जबाबदेही तय करे वरना ऐसा न हो कि समृद्ध जीवन की तलाश मे असहज बैहाल जीवन कही जबाब न दे जाये जो न तो इस सिस्टम सत्ता सियासत के हित मे होगा न ही आम जीवन के हित मे जय स्वराज ।

   

 

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